Rajasthan Garbage Collection: राजस्थान के शहरों में अब लोगों को कूड़ा कलेक्शन के लिए भी पैसे खर्च करने होगें। राजस्थान सरकार की ओर से प्रदेश के सभी 305 नगरीय निकायों को घर-घर कचरा संग्रहण के एवज में यूजर चार्ज लेने का आदेश जारी किया है। राज्य के शहरों की लगभग दो करोड़ आबादी की 48 लाख मकानों से यह चार्ज वसूला जाएगा। यह चार्ज सालाना करीब 580 करोड़ रुपए होगा। 

स्वायत्त शासन विभाग के आदेश पत्र के मुताबिक अधिकतर शहरों में घर-घर कचरा संग्रहण किया जा रहा है, लेकिन इसके तहत केवल जयपुर और कुछ ही निकायों में यह यूज चार्ज लिया जा रहा है। जिसके कारण निकायों पर आर्थिक भार बढ़ रहा है। सरकार की ओर से इस स्थिति पर गंभारता जताई गई है। गौरतलब है कि यूजर चार्ज लेने का आदेश अप्रैल 2019 में ही जारी कर दिया गया था। वहीं कचरा संग्रहण की व्यवस्था धरातल पर आते आते 3 से 5 साल हो चुके है। 
 
इस कारण से नहीं हो पाया लागू 
निकायों का कहना है कि कई बार यूजर चार्ज लेने का प्लान तैयार किया गया, लेकिन राजनीतिक हस्तक्षेप के कारण इसे लागू नहीं किया जा सका। ऐसे ही कुछ निकायों ने स्वायत्त शासन मंत्री के पास जाकर स्थिति बताई, इसके बाद विभाग द्वारा आदेश जारी किया गया। 

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कितना देना होगा यूजर चार्ज?
राजस्थान की हर प्रॉपर्टी को प्रतिमाह यूजर चार्ज देना होगा। 

1.आवासीय प्रॉपर्टी में क्षेत्रफल के मुताबिक 20-300 रुपए तक वसूली की जाएंगी। 
2. दुकानों को 200 से 250 रूपए प्रतिमाह देने होगें। 
3. गेस्ट हाउस, हॉस्टल से 750 से 1000 रुपए वसूले जाएंगें। 
4. होटल, रेस्टोरेंट (कैटेगरी मुताबिक) 500 से 3000 रुपए भरने पड़ेगें। 
5. ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट, बैंक, सरकार कार्यालय से 700 रुपए की वसूली की जाएंगी। 
6. निजी शिक्षण संस्थान, कोचिंग सेंटर को 1000 रुपए प्रतिमाह देना होगा। 
7. क्लिनिक लैब, अस्पताल (कैटेगिरी के मुताबिक) 1000 से 4000 रुपए देने होगें। 
8. विवाह स्थल, बैंक्वेट हॉल, प्रदर्शनी स्थलों से 2000 से 5000 रुपए तक की वसूली की जाएंगी।