Rajasthan Exam Syllabus Change: राजस्थान में एक बार फिर से RSSB (राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड) भर्ती परीक्षा कराने जा रहा है। इस बार कर्मचारी भर्ती परीक्षा का सिलेबस भी बदल दिया जाएगा। इस सब कार्य की तैयारी शुरू हो चुकी है। प्रदेश में सरकारी नौकरी की तलाश करने वाले युवाओं के लिए यह एक अच्छा अवसर बन गया है। लंबे समय से तैयारी करने वाले युवा भर्ती परीक्षा में जनरल नॉलेज का वेटेज बढ़ाने को कहा रहे हैं। बोर्ड भी युवाओं की मांगो से सहमत है, इसलिए उनकी मांगों को मान लिया गया है। RSSB इस बार 52,000 पदों पर भर्ती कराने के लिए पूरी तैयारी कर रहा है।
बोर्ड के अध्यक्ष को मिला प्रस्ताव
आलोक राज (बोर्ड के अध्यक्ष मेजर जनरल) कहते हैं कि क्रमिक विभाग से उन्हें प्रस्ताव प्राप्त हुआ है। बोर्ड अब इस प्रस्ताव पर चर्चा करेगा। युवाओं की मांगो को देखते हुए बोर्ड अपना फैसला सुनाएगा। उनका कहना है कि अगर सिलेबस बदलता है तो, परीक्षा की तारीख और कैलेंडर में किसी भी तरह का कोई बदलाव नहीं किया जाएगा।
अभी प्रदेश सरकार ने चतुर्थ श्रेणी में 52,453 भर्तियां निकली हैं। 21 मार्च 2025 से भर्ती के लिए आवेदन शुरू हो चुके हैं। राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड ही इस भर्ती प्रक्रिया को देख रहा है। अब अभ्यर्थी इस भर्ती परीक्षा का सिलेबस बदलने की मांग कर रहे हैं। अभ्यर्थियों का कहना है कि परीक्षा में प्रदेश से संबंधित ज्यादा प्रश्न पूछे जाने चाहिए।
क्या है अभ्यर्थियों की मांगा
कर्मचारी भर्ती परीक्षा 19 से 21 सितंबर को कराई जानी तय की गई हैं। इस बार 52,453 पदों पर भर्ती की जा रही हैं। परीक्षा का रिजल्ट 21 जनवरी 2026 तक जारी किया जा सकता है। परीक्षा 2 घंटे की होगी, जिसमें 120 प्रश्न होंगे। 120 प्रश्नों में 30 प्रश्न सामान्य हिन्दी के, 15 प्रश्न अंग्रेजी के, 50 प्रश्न सामान्य ज्ञान के और गणित के 25 प्रश्न पूछे जाएंगे। सामान्य ज्ञान में इतिहास, भूगोल, कला, संस्कृति, संविधान और प्रदेश के परिप्रेक्ष्य से प्रश्न होंगे। राजस्थान पर आधारित प्रश्नों की संख्या 30 हो सकती है। युवाओं का कहना है कि इस संख्या को ओर अधिक बढ़ाया जाए।
मांग नहीं मानी तो आंदोलन होगा
हनुमान किसान (छात्र नेता) ने भर्ती एवं रोजगार पर सवाल उठाए हैं और राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड के साथ साथ कार्मिक विभाग के अधिकारियों से भी इस बारे में बात की है। उन्होंने खून से चिट्ठी लिखी थी कि सिलेबस में बदलाव किया जाए। उनका कहना है कि अगर यही सिलेबस रहता है तो, अन्य राज्यों के छात्रों को राजस्थान में नौकरी आसानी से मिल जाएगी। उत्तरप्रदेश, बिहार, दिल्ली जैसे शहरों में भर्ती परीक्षा को लेकर स्पेशल बैच चल रहे हैं। ऐसे में प्रदेश के युवाओं को नौकरी कहां से मिलेगी। अगर आने वाले दिनों में हमारी मांगो को नहीं माना जाता है तो, एक बड़ा आंदोलन होगा।
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