Food Security Scheme: राजस्थान की राजधानी जयपुर की खाद्य सुरक्षा योजना को गेहूं लैप्स होने की समस्या ने मानो जकड़ रखा है। जयपुर की स्थिति इतनी बदतर हो चुकी है कि यहां हजारों क्विंटल गेहूं लैप्स हो रहा है, जबकि लाभार्थी गेहूं के लिए तरसते हुए परेशान हैं। आपको बताते चलें कि लाभार्थियों के लिए खाद्य सुरक्षा योजना के तहत अन्न का आवंटन किया जाता है और इसका वितरण लाभार्थियों के बीच किया जाता है, किंतु जयपुर में वितरण की गति इतनी धीमी है कि यहां बड़ी मात्रा में गेहूं लैप्स हो रहा है।
बढ़ाए गए दिन भी पड़ रहे हैं कम
फरवरी माह के लिए 1 लाख 48 हजार क्विंटल गेहूं का आवंटन किया गया था, जिसका उठाव जनवरी में हो जाना था, किंतु 30 जनवरी तक गेहूं का पूरी तरह से उठाव नहीं हो पाया। इसलिए उठाव की समय सीमा को 15 फरवरी तक, 15 दिनों के लिए बढ़ा दिया गया था। किंतु हालात ऐसे हो चुके हैं कि बढ़ाई गई 15 दिन की समय सीमा में से 7 दिन गुजर चुके हैं, फिर भी 98 हजार क्विंटल गेहूं का उठाव अभी बाकी है, जो बेहद चिंताजनक है।
धीमी गति से हो रहा वितरण
विभाग के अधिकारियों का कहना है कि 7 दिनों के भीतर 98,000 क्विंटल गेहूं का उठाव होना काफी मुश्किल है, जिससे इसके लैप्स होने की पूरी आशंका जताई जा रही है। यह भी गंभीर चिंता का विषय है कि जिस मात्रा में गेहूं राशन डीलरों तक पहुंचा है, उसका वितरण काफी धीमी गति से, मानो कछुए की चाल से हो रहा है।
बढ़ सकती है समस्या
यदि जयपुर में वितरण की गति को नहीं बढ़ाया गया, तो आगे भी यह लैप्स की समस्या जारी रहेगी और लाभार्थियों तक अनाज नहीं पहुंच पाएगा। यह आम जनता के लिए बड़े ही समस्या का सबब बन सकता है। खासकर बिलो पॉवर्टी लोगों के घर के चूल्हे बंद पड़ सकते हैं।
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