Zinc Mining: राजस्थान अपने खनन क्षेत्र में शानदार प्रदर्शन कर रहा है। इसमें सबसे बड़ा योगदान जिंक उत्पादन का है। खनन गतिविधियों से 9500 करोड रुपए कमाने के लक्ष्य के बीच राज्य सरकार चालू वित्त वर्ष में अकेले जिंक से लगभग 3032 करोड रुपए कमा सकती है। यह पिछले वर्ष से 389 करोड रुपए ज्यादा है।
जिंक का उत्पादन
राजस्थान में जिंक खनन ने 2023-24 में 2643 करोड रुपए से 2024-25 में 3032 करोड रुपए तक का राजस्व को बढ़ाने में मदद की है। यह उछाल जिंक की बढ़ती मांग को दर्शाता है। जिंक राज्य को सबसे अधिक राजस्व प्रदान करने वाले खनिज के रूप में साबित होता है।
अन्य खनिजों में गिरावट
एक तरफ जहां जिंक राजस्थान के राजस्व को बढ़ाने में मदद कर रहा है वहीं अन्य कुछ प्रमुख खनिजों में गिरावट देखने को मिल रही है। चालू वित्त वर्ष में सीमेंट संयंत्र, तांबे और लिग्नाइट से राजस्थान में गिरावट आई है। सीमेंट प्लांट्स में पिछले साल की तुलना में लगभग 38 करोड रुपए कम राजस्व मिलने का अनुमान लगाया गया है। इसी के साथ ही लिग्नाइट और तांबे से होने वाले राजस्थान में भी कमी देखने को मिलेगी।
वहीं दूसरी ओर राजस्थान राज्य खान और खनिज लिमिटेड से भी सरकार का राजस्व प्रभावित हुआ है। पिछले साल राजस्थान राज्य खान और खनिज लिमिटेड ने 213 करोड रुपए का योगदान दिया था लेकिन अब यह आंकड़ा घटकर मात्र 171 करोड रुपए रह जाने का अनुमान लगाया गया है। यानी पूरे 42 करोड रुपए की कमी।
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