Khatu Shyam Mela: महाकुंभ के हादसे को देखते हुए बाबा श्याम के धाम में भी सुरक्षा बढ़ा दी गई है। फरवरी में आयोजित होने जा रहे बाबा श्याम के फाल्गुनी मेले में इस साल लगभग 50 लाख श्रद्धालुओं के आने की उम्मीद है। इसके लिए अभी से भक्तों का आना शुरू हो गया है। उमड़ती भीड़ को देखते हुए प्रशासन द्वारा एआई की मदद से मेले का गूगल रूट मेप तैयार किया जा रहा है। गूगल रूट के क्यूआर कोड को सोशल मीडिया और विभन्न स्थानों पर लगा दिया जाएगा, जिससे यहां आए भक्तों को आवागमन में कोई परेशानी का सामना ना करना पड़ें।
मंदिर कमेटी और प्रशासन ने शुरू की तैयारी
मेले में सुरक्षा और भक्तों की सुविधाओं को देखते हुए जिला प्रशासन की कलक्टर और एसपी की हाजरी में बुधवार को मैराथन बैठक का आयोजन किया गया। आगामी मेले के लिए प्रशासन व मंदिर कमेटी ने अपनी तैयारियों को तेज कर दिया है। साथ ही मेले में इस बार किसी भी प्रकार की वीआईपी एंट्री नहीं दी जाएगी।
मेले में अंदर नहीं ला सकेंगे वाहन
प्रशासन की ओर से यह साफ कर दिया गया है कि कोई भी अपने वाहन को लेकर मेले के अंदर नहीं ला सकेंगे। बाबा श्याम के धाम में प्रशासन ने चार जोन में पार्किंग स्टैण्ड बनवाए हैं। हर पार्किंग जोन में लगभग 5-10 किलोमीटर की दूरी रहेगी। कुंभ मेले की तर्ज पर यहां बसों के माध्यम से 52 बीघा जमीन पर तैयार की गई पार्किंग में लाया जाएगा। इसके बाद भक्त यहां ई-रिक्शा से मेले में पहुंच सकेंगे।
इस साल 12 दिन तक आयोजित होगा मेला
बता दें कि बाबा श्याम के दरबार में होने वाला यह सबसे बड़ा मेला है जिसमें हर वर्ष लाखों की संख्या में भक्तों की भीड़ उमड़ती है। पिछले साल करीब 30 लाख भक्त मेले में शामिल हुए थे। इस मेले से प्रदेश के लोंगों को रोजगार मिलेगा। साथ ही इन 12 दिनों में मेले के 150 से ज्यादा स्थानों पर भंडारे का इंतजाम किया जाएगा। यह मेला 28 फरवरी 2025 से लगेगा। इस साल उम्मीद है 50 लाख से अधिक भक्त में मेले में शामिल होगें।
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